क्या है MDH मसाले के मालिक की निधन वाली अफवाहों का सच

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What is the truth of the rumors of the demise of MDH Masala

एमडीएच कंपनी के मालिक dharampal gulati के निधन की खबरें गलत है. धर्मपाल गुलाटी अभी जिंदा है. अपनी मृत्यु की खबर अफवाह फैलने के कारण. धर्मपाल ने खुद वीडियो को जारी करते हुए बताया कि वह बिल्कुल ठीक है, और वायरल हो रही खबरें गलत है.

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धर्मपाल गुलाटी के निधन की अफवाह

देश और विदेश भर में मसालों के किंग कहे जाने वाले एमडीएच कंपनी के मालिक धर्मपाल गुलाटी ईंधन की अफवाह फैल गई थी.

इसके बाद कई प्रमुख मीडिया ने भी बारे में खबर चला दी.

बाद में उनके परिवार उन्होंने वीडियो के माध्यम से धर्मपाल के निधन की अफवाहों पर विराम लगा दिया.

खबरों की मानें तो किसी ने उनके पिता की फोटो लगाकर उनके निधन की अफवाह फैला दी थी.

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एमडीएच के मालिक का शुरुआती संघर्ष

बहुत ही कम लोग जानते हैं कि महाशय धर्मपाल का जन्म अविभाजित भारत में हुआ था.

1922 में पाकिस्तान के सियालकोट की भूमि पर धर्मपाल गुलाटी का जन्म हुआ.

बाद में 1947 की विभाजन पर व उनके पिता के साथ दिल्ली में चले आए और यहीं के होकर रह गए.

उनका प्रारंभिक काम दिल्ली में किराया लेकर तांगा चलाना था.

उसके बाद वह धीरे-धीरे करके वह मसालों के कारोबार में आ गए.

देशभर में एमडीएच की कितनी फैक्ट्रियां

मसालों की इस फैक्ट्री की नींव सन 1959 मे रखी थी. जिसे एमडीएच मसाला फैक्ट्री के अलावा महाशियन की हट्टी भी कहा जाता था.

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कंपनी की स्थापना धर्मपाल गुलाटी ने दिल्ली के कीर्ति नगर में की.

इसके बाद से लेकर अब तक एमडीएच मसालों का नाम देश में नहीं दुनिया के कोने-कोने में जाना जाता है. देश भर की माने तो यह कुल 15 फैक्ट्रियां मौजूद है.

dharampal gulati the owner of mdh masale
dharampal gulati the owner of mdh masale
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एक रिपोर्ट की मानें तो सन 2017 में वह सबसे ज्यादा बिकने वाले एफएमसीजी प्रोडक्ट सीईओ बन गए.

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मसालों के स्वाद को बड़े होटलों से लगा कर घर-घर तक पहुंचाने वाले धर्मपाल गुलाटी की प्रारंभिक शिक्षा केवल पांचवी कक्षा की है.

स्कूल को छोड़ने के बाद वह अपने पिता के साथ दुकान पर बैठना शुरू कर दिया.

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Prakash Panwar
Prakash Panwar
मैं एक फ्रीलॉंसर हिंदी कंटेंट राइटिंग करता है. मुझे टेक्नोलॉजी, एंटरटेनमेंट, पॉलिटिक्स और एजुकेशन जैसी बिट पर लिखना पसंद करता है. खाली समय में कंप्यूटर पढ़ना बहुत अच्छा लगता है. क्वालिफिकेशन की बात की जाये तो में बी-टेक कंप्यूटर साइंस से अध्यनरत हूँ.

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