Navratri: नवरात्रि पर कलश स्थापना से पहले जानलें उसके नियम कानून

Know before the establishment of the Kalash on Navaratri
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नवरात्रि का पर्व अब काफी नजदीक है। 10 अक्टूबर से शरदीय नवरात्रि दस्तक देने वाली है। हर जगह अभी से ही नवरात्रि की धूम देख सकते हैं। हर गली मोहल्ले में नवरात्रि पर माता दुर्गा की प्रतिमा की स्थापना की तैयारियां चल रही हैं। इसी दौरान भक्त भी नवरात्रि के पर्व का जोरो शोरो से स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं। नवरात्रि के नौ दिन काफी उत्साह भरे होते हैं, इस दौरान नौ दिनो तक माता के अलग-अलग स्वरूपों की पूजा अर्चना की जाती है, उपवास किया जाता है। लेकिन इन सब से पहले कलश स्थापना की जाती है। जी हां नौ दुर्गा के शुरूआत में कलश स्थापना का अपना अलग महत्व होता है। इसकी स्थापना के लिए शुभ मुहूर्त और विधि का ज्ञात होना जरूरी होता है। तो चलिए जानते हैं कलश स्थापना के बारे में विस्तार से….

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कलश स्थापना के समय जरूरी चीजें

Things needed during the installation
Things needed during the installation

नवरात्रि की शुरूआत के समय कलश स्थापना बहुत जरूरी होता है। इसकी स्थापना सही मुहूर्त के साथ पूरी विधि विधान के साथ की जानी चाहिए। लेकिन इन सबसे पहले आप यह जान लें कि इस दौरान आपको किन-किन चीजों की आवश्यकता होती है। दरअसल कलश स्थापना के समय पीतल का कलश, सोना या मिट्टी का हो वो भी चलेगा, नारियल, मौली जिसे कलावा भी कहते हैं।, आम के पत्ते, शुध्द जल, केसर और जायफल, और चावल की जरूत होती है।

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कलश स्थापना विधि

कलश स्थापना से पहले उसकी विधि जान लेना बहुत जरूरी है। अगर आप कलश स्थपाना करना चाहते हैं तो नवरात्रि के नौ दिनों में साफ-सफाई का खासा ध्यान रखें। सबसे पहले कलश स्थापना के लिए लकड़ी का पटरा रखकर उस पर नया लाल कपड़ा बिछा लें। इसके साथ एक मिट्टी के बर्तन में जौं बो दें और इसी बर्तन में जल से भरा हुआ कलश रख दें। और ध्यान रखें की कलश का मुंह खुला न रहे। और जिस प्लेट से आपने कलश को ढंके हैं उसे चावल से भर दें। और उसके बीचों बीच नारियल रखें।

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कलश स्थापना के लिए शुभ मुहूर्त

कलश स्थापना शुभ मुहूर्त में ही की जानी चाहिए। बिना शुभ मुहूर्त के कलश स्थापना का कोई मतलब नहीं होता है। इसलिए इस बार कलश स्थापना 10 अक्टूबर को सुबह 7ः25 बजे तक की जा सकती है। कलश स्थापना के लिए यह घड़ी अति उत्तम मानी जा रही है। इससे बहतर शुभ मुहूर्त नहीं हो सकता। इसलिए अगर आप कलश स्थापना करने की सोच रहे हैं तो इस समय ही कलश स्थापना करें।

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Ramgovind kabiriya
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मैं रामगोविन्द कबीरिया मुझे लिखने का काफी शौक है, मैं कन्टेन्ट राइटिंग में पिछले तीन सालों से काम कर रहा हूॅं। मैंने इन्दौर के डीएवीवी यूनिवर्सटी से एम.ए. मासकम्युनिकेशन किया है। इसके अलावा मैंने कम्प्युटर के क्षेत्र से सम्बधित पीजीडीसीए भी किया है। मैं न्यूज़, फैशन, धर्म, लाईफस्टाइल, वायरल स्पाॅर्टस आदि सभी कैटेगिरी में लिखता हूॅं।

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