kedarnath mandir facts शिव भक्तों के लिए क्यों है खास केदारनाथ

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हिंदू धर्मों में जिस प्रकार से चार धामों की यात्रा को शुभ बताया गया है। ठीक उसी प्रकार से भगवान शंकर के 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा का भी फल मंगलमय होता है। kedarnath mandir facts आज हम आपको भगवान शंकर के 12 ज्योतिर्लिंगों में से 1 ज्योतिर्लिंग के बारे में, कुछ ऐसे रोचक तथ्य बताएंगे। जो शायद आपको, इससे पहले ना पता हो। हम बात कर रहे हैं, भगवान शिव के केदारनाथ मंदिर के बारे में। आपको बता दें केदारनाथ मंदिर को लेकर के लोगों की अलग-अलग विचारधारा और चमत्कार की बातें सुनने को मिलती है। जिनमें से कुछ प्रमुख है:

कहाँ है भगवान शिव का केदारनाथ मंदिर kedarnath mandir facts

भगवान शिव का केदारनाथ मंदिर केदारनाथ, उत्तराखण्ड राज्य के रुद्रप्रयाग जिले में स्थित है।

केदारनाथ का यह मंदिर हिमालय की गोद में बसा हुआ है।  जिसे 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक गिना जाता है।

कत्यूरी शैली से बने इस मंदिर का निर्माण पांडव वंश के जन्मेजय ने करवाया था।शिव

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जबकि आदि शंकराचार्य ने इस मंदिर का जीर्णोद्धार किया था। यह है केदारनाथ मंदिर का इतिहास

केदारनाथ मंदिर का फोटो

kedarnath mandir ke shivling ki photo
kedarnath mandir ke shivling ki photo

कब बंद होते हैं केदारनाथ मंदिर के कपाट

बताया जाता है कि सर्दियों के दिनों में केदारनाथ की घाटी बर्फ से ढक जाती है।

जिस कारण सामान्यता नवंबर 15 के 2 या 3 दिन पूर्व (वृश्चिक संक्रान्ति) को 6 महीनों के लिए बंद हो जाते हैं।

इसके अलावा सामान्य दिनों में केदारनाथ मंदिर के कपाट रात्रि 8:30 बजे बंद हो जाते हैं।

जो सुबह के दर्शनार्थियों के लिए 6:00 बजे खोल दिए जाते हैं।

क्या है हिंदुओं के पंच केदार का मतलब

दरअसल हिंदुओं के पांच शिव मंदिरों का समूह को पंच केदार के नाम से जाना जाता है।

यह सभी मंदिर उत्तराखंड के गढ़वाल क्षेत्र में स्थित हैं।शिव

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इन मंदिरों से जुड़ी कथाओं की ओर ध्यान दें, तो इन मंदिरों का निर्माण पांडवों ने करवाया था।

पंच केश्वर में शामिल मंदिरो के नाम क्या हैं: kedarnath mandir facts

केदारनाथ

तुंगनाथ

रुद्रनाथ

मध्यमहेश्वर

कल्पेश्वर

hinduo ke panch kedar mandir ki photo
hinduo ke panch kedar mandir ki photo

सन 2013 में केदारनाथ में आई थी तबाही

आपको बता दें, केदारनाथ हादसा सन 2013 में मंदिर के समीप स्थित मंदाकिनी नदी में प्रलय आ गया था। इस नदी के प्रवाह के सामने, जो भी आता वह नदी के बहाव के साथ चला जाता। लेकिन भगवान शंकर के आगे भला किस की क्या चलती।

केदारनाथ मंदिर के बंद कपाट में होते हैं चमत्कार kedarnath mandir facts

लोग यह बताते हैं कि सर्दियों के दिनों में जब केदारनाथ मंदिर के कपाट बंद हो जाते हैं।

जिसके बाद यह कपाट लगभग 6 माह के बाद लोगों के लिए खोल दिए जाते हैं।

इस काल के दौरान लोगों को घंटियों की आवाज भी सुनाई देती है।

जब कपाट खोलते हैं, तो शिव जी पर बेलपत्र आदि भी चढ़े हुए दिखाई देते हैं।

लोगों का ऐसा मानना है कि बंद कपाट के दिनों में देवता भगवान शिव की अर्चना करने आते हैं।

kedarnath me paye jane wale brahm pushp
kedarnath me paye jane wale brahm pushp
किस विशेष फूल से होती है केदारनाथ भगवान की पूजा kedarnath mandir facts

भगवान शंकर के इस गेट के कपाट जब खोले जाते हैं। तो भगवान शिव की पूजा एक अनोखे फूल से की जाती है।

जो केदारनाथ घाटी में प्राप्त होता है, यह फूल कोई आम फूल नहीं है। इससे ब्रह्म कमल के नाम से जाना जाता है।

शास्त्रों की मानें तो इसकी उत्पत्ति ब्रह्मा जी के द्वारा की गई थी।

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अबकी बार यदि आप केदारनाथ मंदिर की यात्रा पर जाएं। तो सफेद रंग के इस ब्रह्म कमल को देखना ना भूलें।

#DesiDozz kedarnath mandir facts

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केदारनाथ मंदिर तबाही वीडियो:

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